॥ उदय–मध्य–अस्त यन्त्रम् ॥
शुद्ध सूर्यसिद्धान्त — ग्रहस्फुट + विक्षेप से क्षितिजीय-पथ; प्रत्येक बिन्दु सूर्यसिद्धान्त से।
यन्त्र बन रहा है…