Date: Tuesday, 2026-6-30
Time: 01:26:00 AM
Location: 30.3165°N, 78.0322°E, 600m (Dehradun)
नाम: रौद्री
विक्रम सम्वत्: 2083
शक सम्वत्: 1948
कलि सम्वत्: 5127
विक्रम सम्वत्: 2083
शक सम्वत्: 1948
युधिष्ठिर सम्वत्: 5165 Alpha
परशुराम सम्वत्: 8203 Alpha
कलि सम्वत्: 5127
चैत्र शुक्ल प्रतिपदा: 2026-03-20
उदयकालिक: पूर्णिमा (पूर्णा तिथि)
पूर्णता: 99.58%
वर्तमान: पूर्वाषाढा
पाद: 4
उदयकालिक: ब्रह्म
पूर्णता: 59.82%
उदयकालिक: बव
पूर्णता: 99.15%
अमान्त: ज्येष्ठ
पूर्णिमान्त: ज्येष्ठ
पक्ष: शुक्ल
राशि: मिथुन
मास: ज्येष्ठ (गढ़वाली: जेठ ) Alpha
गति: 15 प्रविष्टे
उदय: 05:20 IST
अस्त: 19:24 IST
मध्य पारगमन: 12:22 IST
उदय: 19:14 IST
अस्त: 05:12 IST
मध्य पारगमन: 00:12 IST
वर्तमान राशि: मिथुन
ऋतु: ग्रीष्म
अयन: उत्तरायणे
राशि में स्थिति: 14.81° (15.19° to next)
राशि प्रवेश: 2026-06-15
वर्तमान राशि में दिन: 15 दिन
अगली राशि: कर्क
अगली संक्रांति: 2026-07-16
🌙 चन्द्र - अग्निचक्र चन्द्र में होने से यज्ञादि कर्म लाभदायक
⚰️ श्मशान में - मृत्युकारक
| ग्रह | राशि | स्थिति | नक्षत्र | गति | वेग | समय (IST) | अवस्था | उदय/अस्त |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| ⌂ लग्न | मेष | 12° 31' 25" | अश्विनी पाद 4 | - | - | - | - | - |
| ☉ सूर्य | मिथुन | 14° 48' 47" | आर्द्रा पाद 3 | मार्गी | 0.9657° |
05:20 IST 19:24 IST 12:22 IST |
युवा | उदय |
| ☽ चन्द्र | धनु | 23° 58' 4" | पूर्वाषाढा पाद 4 | मार्गी | 11.9637° |
19:14 IST 05:12 IST 00:12 IST |
वृद्ध | उदय |
| ☿ बुध | कर्क | 1° 58' 55" | पुनर्वसु पाद 4 | 🔄 वक्र गति | -0.0629° |
06:48 IST 20:22 IST 13:35 IST |
मृत | उदय |
| ♀ शुक्र | कर्क | 25° 46' 18" | आश्लेषा पाद 3 | मार्गी | 1.1453° |
08:30 IST 21:57 IST 15:14 IST |
बाल | उदय |
| ♂ मंगल | वृषभ | 7° 12' 34" | कृत्तिका पाद 4 | मार्गी | 0.7154° |
02:47 IST 16:32 IST 09:40 IST |
वृद्ध | उदय |
| ♃ बृहस्पति | कर्क | 5° 53' 45" | पुष्य पाद 1 | मार्गी | 0.2161° |
07:01 IST 20:46 IST 13:53 IST |
मृत | उदय |
| ♄ शनि | मीन | 19° 57' 0" | रेवती पाद 1 | मार्गी | 0.0434° |
00:28 IST 12:51 IST 06:41 IST |
कुमार | उदय |
| ☊ राहु | कुम्भ | 8° 21' 58" | शतभिषा पाद 1 | 🔄 वक्र गति | -0.0530° | - | - | - |
| ☋ केतु | सिंह | 8° 21' 58" | मघा पाद 3 | 🔄 वक्र गति | -0.0530° | - | - | - |
| 🔢 # | 📛 नाम | 🕉️ प्रकार | 🕰️ आरंभ | ⏳ समाप्ति | ⏱️ अवधि |
|---|---|---|---|---|---|
| 1 | रुद्र | अशुभ | 05:20 IST | 06:16 IST | 56 minutes |
| 2 | अहि | अशुभ | 06:16 IST | 07:12 IST | 56 minutes |
| 3 | मित्र | शुभ | 07:12 IST | 08:08 IST | 56 minutes |
| 4 | पितृ | अशुभ | 08:08 IST | 09:05 IST | 56 minutes |
| 5 | वसु | शुभ | 09:05 IST | 10:01 IST | 56 minutes |
| 6 | वाराह | शुभ | 10:01 IST | 10:57 IST | 56 minutes |
| 7 | विश्वदेव | शुभ | 10:57 IST | 11:53 IST | 56 minutes |
| 8 | अभिजित | शुभ | 11:53 IST | 12:50 IST | 56 minutes |
| 9 | सतमुखी | अशुभ | 12:50 IST | 13:46 IST | 56 minutes |
| 10 | पुरुहुत | अशुभ | 13:46 IST | 14:42 IST | 56 minutes |
| 11 | वाहिनी | अशुभ | 14:42 IST | 15:38 IST | 56 minutes |
| 12 | नैर्ऋति | अशुभ | 15:38 IST | 16:35 IST | 56 minutes |
| 13 | वरुण | शुभ | 16:35 IST | 17:31 IST | 56 minutes |
| 14 | अर्यमा | शुभ | 17:31 IST | 18:27 IST | 56 minutes |
| 15 | भग | अशुभ | 18:27 IST | 19:24 IST | 56 minutes |
| 🔢 # | 📛 नाम | 🕉️ प्रकार | 🕰️ आरंभ | ⏳ समाप्ति | ⏱️ अवधि |
|---|---|---|---|---|---|
| 1 | गिरीश | अशुभ | 19:24 IST | 20:03 IST | 40 minutes |
| 2 | अजपाद | अशुभ | 20:03 IST | 20:43 IST | 40 minutes |
| 3 | अहिरबुध्न्य | शुभ | 20:43 IST | 21:23 IST | 40 minutes |
| 4 | पुष्णव | शुभ | 21:23 IST | 22:02 IST | 40 minutes |
| 5 | अश्विनी | शुभ | 22:02 IST | 22:42 IST | 40 minutes |
| 6 | यम | अशुभ | 22:42 IST | 23:22 IST | 40 minutes |
| 7 | अग्नि | शुभ | 23:22 IST | 00:02 IST | 40 minutes |
| 8 | विधाता | शुभ | 00:02 IST | 00:41 IST | 40 minutes |
| 9 | कण्ड | शुभ | 00:41 IST | 01:21 IST | 40 minutes |
| 10 | अदिति | शुभ | 01:21 IST | 02:01 IST | 40 minutes |
| 11 | अमृत | शुभ | 02:01 IST | 02:41 IST | 40 minutes |
| 12 | विष्णु | शुभ | 02:41 IST | 03:20 IST | 40 minutes |
| 13 | अर्क | शुभ | 03:20 IST | 04:00 IST | 40 minutes |
| 14 | ब्रह्म | शुभ | 04:00 IST | 04:40 IST | 40 minutes |
| 15 | समुद्र | शुभ | 04:40 IST | 05:20 IST | 40 minutes |
ॐ विष्णुर्विष्णुर्विष्णुः नमः परमात्मने पुरुषोत्तमाय ॐ तत्सत् अद्यैतस्य विष्णोराज्ञया जगत्सृष्टिकर्मणि
प्रवर्तमानस्य ब्रह्मणो द्वितीयपरार्द्धे श्रीश्वेतवाराहकल्पे वैवस्वतमन्वन्तरे अष्टाविंशतितमे कलियुगे तत्प्रथमचरणे
जम्बूद्वीपे भारतवर्षे भरतखण्डे विष्णुप्रजापतिक्षेत्रे क्षेत्रे
....... प्रदेशान्तर्गत ....... जिलान्तर्गत ........... स्थाने बौद्धावतारे
रौद्री नाम संवत्सरे 2083 विक्रमाब्दे 1948 शकाब्दे
उत्तरायणे ग्रीष्म ऋतौ ज्येष्ठमासे
शुक्लपक्षे
धनुराशिस्थिते चन्द्रे
मिथुनराशिस्थिते सूर्ये
कर्कराशिस्थिते देवगुरौ
वृषभराशिस्थिते भौमे
कर्कराशिस्थिते बुधे
कर्कराशिस्थिते शुक्रे
मीनराशिस्थिते शनौ
कुम्भराशिस्थिते राहौ
सिंहराशिस्थिते केतौ सर्वेषु ग्रहेषु यथास्वं राशि स्थितेषु सत्सु एवं ग्रहगण विशिष्टायां शुभ पुण्यतिथौ
पूर्णिमायां तिथौ
मंगलवासरे
पूर्वाषाढा नाम नक्षत्रे
ब्रह्म योगे
बव करणे
_______ गोत्रोत्पन्न _______ शर्मा/वर्मा/गुप्तोऽहं
ममात्मनः सर्वारिष्टनिरसनपूर्वक सर्वपापक्षयार्थं मनसेप्सितफलप्राप्तिपूर्वक—श्रुतिस्मृतिपुराणोक्तफलप्राप्त्यर्थं दीर्घायुरारोग्यैश्वर्यादिवृद्ध्यर्थं श्रीसाम्बसदाशिवप्रीत्यर्थञ्च लिङ्गोपरि
यथोपचारैः श्रीसाम्बसदाशिवपूजनपूर्वकं जलधारया षडङ्गरुद्रेण/रुद्रैकादशिन्या/लघुरुद्रेण रुद्राभिषेकं _______ गोत्रोत्पन्न _______ शर्मणा ब्राह्मणद्वारा कारयिष्ये वा स्वयं कर रहे हों तो
अहं करिष्ये कहकर हाथका सङ्कल्पजल आदि छोड़ दे।
पुनः हाथमें जल, अक्षत, पुष्प तथा कुश लेकर बोले- तदङ्गत्वेन कार्यस्य निर्विघ्नतया सिद्धयर्थं श्रीसिद्धलक्ष्मीसहितमहागणपतिदेवता
प्रीत्यर्थञ्च आदौ श्रीसिद्धलक्ष्मीसहित महागणपतिदेवताया: पूजनं करिष्ये, कहकर हाथका जल आदि छोड़ दे।